Archive for the ‘कथा सागर’ Category
5
Apr
रूद्राष्टक कथा
शिव जगतगुरू हैं। परं शिव भक्त कागभुषण्डि ने अपने गुरू का अनादर किया तो उन्हे भी शिव क्रोधित हो गए। गुरू परंपारा का अनादर शिव का ही अनादर था। और एसे में जन्म होता है रूद्राषटक कथा का। Continue reading